Water wastage now an offence in UP Pilibhit-m.khaskhabar.com
×
khaskhabar
Jul 1, 2022 8:12 am
Location
Advertisement

उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिले में अब पानी की बर्बादी को माना जाएगा अपराध

khaskhabar.com : बुधवार, 30 मार्च 2022 2:15 PM (IST)
उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिले में अब पानी की बर्बादी को माना जाएगा अपराध
पीलीभीत। उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिला प्रशासन ने घोषणा की है कि ऑटोमोबाइल सर्विस स्टेशनों और सार्वजनिक स्थानों पर पानी की बर्बादी अब राज्य में अपराध माना जाएगा। इस तरह के कदम की घोषणा करने वाला पीलीभीत राज्य का पहला जिला बन गया है। अधिकारियों ने कहा कि नियम का उल्लंघन करने पर जुर्माना जल्द ही तय किया जाएगा।

मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) प्रशांत श्रीवास्तव ने कहा कि प्रशासन जिले में यूकेलिप्टस के रोपण पर भी प्रतिबंध लगाएगा क्योंकि यह बड़ी मात्रा में भूजल को अवशोषित करता है।

उन्होंने कहा, "उत्तर प्रदेश जल संरक्षण और प्रबंधन के क्षेत्र में पूरे देश में पहले स्थान पर है और हम अपने प्रयासों को जारी रखना चाहते हैं।"

उन्होंने आगे कहा कि जिले में ऑटोमोबाइल सर्विस स्टेशनों को नोटिस जारी किए जा रहे हैं, जिसमें उनके लिए पानी की बर्बादी को रोकने के लिए आदेश जारी किए गए हैं, जिसका उपयोग वे प्रतिदिन कारों और बाइक की सफाई के लिए बड़ी मात्रा में करते हैं।

एनजीओ वाइल्डलाइफ बायोडायवर्सिटी कंजर्वेशन सोसाइटी के उपाध्यक्ष अमिताभ अग्निहोत्री ने कहा, "एक एकल ऑटोमोबाइल सर्विस स्टेशन एक दिन में 10,000-12,000 लीटर पानी का उपयोग करता है। इसमें से अधिकांश पानी भूजल है, जो पीने योग्य है। इसकी राज्य को तत्काल आवश्यकता है।"

किसी भी नए सर्विस स्टेशन की स्थापना के लिए भी अब लघु सिंचाई विभाग से अनुमति लेने की आवश्यकता होगी।

सार्वजनिक स्थानों पर, प्रशासन की योजना टूटी हुई पानी की पाइपलाइनों और ओवरफ्लो होने वाले नलों जैसे मुद्दों पर भी जांच रखने की है।

प्रशासन यूकेलिप्टस की जगह पेड़ लगाने का विकल्प चुनने के लिए किसानों के लिए जन जागरूकता कार्यक्रम शुरू करने की भी योजना बना रहा है। सीडीओ ने कहा कि भूजल के संरक्षण के लिए धान की खेती पर प्रतिबंध को और सख्त किया जाएगा।

--आईएएनएस

ये भी पढ़ें - अपने राज्य / शहर की खबर अख़बार से पहले पढ़ने के लिए क्लिक करे

Advertisement
Khaskhabar UP Facebook Page:
Advertisement
Advertisement