Corona virus - Rs 500 crore released for all municipal bodies of Haryana-m.khaskhabar.com
×
khaskhabar
May 26, 2020 12:33 pm
Location
Advertisement

कोरोना वायरस - हरियाणा के सभी नगर निकायों के लिए 500 करोड़ रुपये जारी

khaskhabar.com : शुक्रवार, 27 मार्च 2020 9:19 PM (IST)
कोरोना वायरस - हरियाणा के सभी नगर निकायों के लिए 500 करोड़ रुपये जारी
चण्डीगढ़ । हरियाणा की मुख्य सचिव केशनी आनंद अरोड़ा ने कहा कि राज्य में अगले तीन दिनों के भीतर प्रदेश की सभी आंगनवाडिय़ों को निर्देशित किया गया है कि वे एक महीने के राशन की आपूर्ति घर द्वार पर पहुंचाना सुनिश्चित करें। उन्होंने बताया कि वित्त विभाग द्वारा सभी नगर निकायों के लिए 500 करोड़ रुपये जारी किए जा रहे हैं और सभी उपायुक्तों को निर्देश दिए गए हैं कि वे इस राशि का उपयोग वर्तमान में उत्पन्न हुई संकट स्थिति से निपटने के लिए नगर निकायों में केवल आवश्यक सेवाओं के रख-रखाव हेतू ही उपयोग करना सुनिश्चित करें।

मुख्य सचिव आज यहां संकट समन्वय समिति की बैठक की अध्यक्षता कर रही थी। उन्होंने कहा कि आंगनवाडिय़ों के लाभार्थियों को सूखा राशन के सुचारू वितरण करने के लिए, संबंधित जिले के बाल विकास परियोजना अधिकारी (सीडीपीओ) को उनके अधिकार में आने वाली आंगनवाड़ी वर्करों को क्षेत्र और तिथि के अनुसार पास जारी करने के लिए अधिकृत किया गया है।

बैठक में बताया गया कि पुलिस विभाग द्वारा विस्तृत निर्देश जारी किए गए हैं कि ट्रकों में आने वाली आवश्यक वस्तुओं की निर्बाध आवाजाही होनी चाहिए और इसके लिए पंचकूला में स्थापीत किए गए राज्य स्तरीय कंट्रोल रूम में 24 घंटे डीएसपी स्तर के तीन अधिकारियों को तैनात किया गया है ताकि यदि इस प्रकार की कोई समस्या आती है तो वे ऐसे सभी वाहनों की निर्बाध आवाजाही को सुनिश्चित करवा पाएं। बैठक में मुख्य सचिव ने जानकारी दी कि उद्योग एवं वाणिज्य के निदेशक, डॉ. साकेत कुमार को आवश्यक वस्तुओं व सेवाओं के उद्योगों की आवागमन संबंधित तथा अन्य समस्याओं के निपटान के लिए नोडल अधिकारी लगाया गया है।

श्रीमती अरोड़ा ने सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे विकलांग, निराश्रित और अनाथ बच्चों की सूची तैयार करें, ताकि विभाग के अधिकारी और कर्मचारी व्यक्तिगत रूप से उनकी देखभाल के बारे में पूछताछ करें और यह सुनिश्चित करें कि उन्हें आवश्यक सुविधाएं मिल रही हैं। उन्होंने उपायुक्तों को अपने संबंधित जिलों में शुरू किए गए हेल्पलाइन नंबरों को रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन, ग्राम सरपंच आदि को भेजने के भी निर्देश दिए, ताकि लोग विभिन्न आवश्यक सेवाएं ले सकें।

मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि राज्य के उन सभी व्यक्तियों, जो विदेश से लौटे हैं, उनकी सूची तैयार करें ताकि कोरोना वायरस जैसी बिमारी को फैलने से रोका जा सके। इसके साथ ही, स्वास्थ्य विभाग के संबंधित अधिकारी संगरोध (क्वारंटाइन) में रह रहे व्यक्तियों की भी निगरानी करें ताकि उनके स्वास्थ्य की नियमित रूप से देखभाल की जा सके। इसके अलावा, उन्होंने सभी संबंधित उपायुक्तों को निर्देश दिए कि वे अपने संबंधित अधिकार क्षेत्र में स्थापित किए गए कोविड-19 अस्पतालों में उपलब्ध सुविधाओं का भी जायजा लें।

बैठक में बताया गया कि इस माह में होने वाली सेवानिवृत्तियों को ध्यान में रखते हुए, यदि अतिरिक्त मुख्य सचिव, प्रधान सचिव उपायुक्त, और विभागाध्यक्ष किसी कर्मचारी की सेवाओं को बढ़ाना चाहते हैं, तो उस स्थिति में संबंधित सक्षम अधिकारी द्वारा अनुमोदन करने के पश्चात प्रत्येक मामले के आधार पर सेवाओं को बढ़ाया जा सकता है। बैठक में यह भी बताया गया कि जिन कर्मचारियों की इस माह सेवानिवृत्ति है, उन्हें अपनी एनओसी और सेवानिवृत्ति बकाया के संबंध में कार्यालयों के चक्कर काटने की आवश्यकता नहीं होगी, इसके लिए प्रावधान किया गया है कि उनकी पेंशन और सेवानिवृत्ति लाभ स्वचालित (ऑटोमेटिक) उनके बैंक खाते में जमा करवा दिए जाएंगे।

बैठक में बताया कि असंगठित क्षेत्रों में काम करने वाले लोगों को पर्याप्त संख्या में भोजन के पैकेट वितरित किए जा रहे हैं। इसके अलावा, संबंधित उपायुक्तों को निर्देश दिए गए हैं कि वे उर्वरकों की दुकानों को खुलवाना और उनकी दरों को नियंत्रित रखना सुनिश्चित करें तथा किसानों की क्षतिपूर्ति के उद्देश्य से फसल के नुकसान का निर्धारण करने के काम में लगाए गए बीमा कंपनियों के सर्वेयरों के सुचारू आवागमन को भी सुनिश्चित करें। इसके साथ ही, अधिकारियों द्वारा पंजाब की सीमा से लगे जिलों में कंबाइन हार्वेस्टर की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित की जाए।

बैठक में बताया गया कि राज्य में प्रयाप्त मात्रा में दाल और सरसों के तेल का भण्डार है तथा संबंधित जिला के जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रकों को निर्देश दिए गए हैं कि वे निजी थोक विक्रेताओं को बताएं कि यदि उन्हें दाल और सरसों के तेल की आवश्यकता है तो वे नैफेड पर ऑनलाइन ऑर्डर दे सकते हैं। इसी प्रकार, प्रदेश की सभी तेल की मिलें संचालित हैं और यदि किसी थोक विक्रेता को तेल की आवश्यकता है तो वे ऑर्डर दे सकते हैं। गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन करने वाले और गरीब लोगों की अन्य श्रेणीयों के लिए आगामी 5 अप्रैल तक संबंधित डिपो को अप्रैल 2020 का नि:शुल्क राशन पहुंचा दिया जाएगा।

ये भी पढ़ें - अपने राज्य - शहर की खबर अख़बार से पहले पढ़ने के लिए क्लिक करे

Advertisement
Khaskhabar Haryana Facebook Page:
Advertisement
Advertisement