Chief Minister held video conferencing with Deputy Commissioners and Block Development Officers-m.khaskhabar.com
×
khaskhabar
Aug 15, 2020 1:33 pm
Location
Advertisement

मुख्यमंत्री ने उपायुक्तों और खण्ड विकास अधिकारियों के साथ वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग की

khaskhabar.com : शनिवार, 04 जुलाई 2020 4:00 PM (IST)
मुख्यमंत्री ने उपायुक्तों और खण्ड विकास अधिकारियों के साथ वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग की
शिमला । मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने यहां वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उपायुक्तों एवं विकास खण्ड अधिकारियों के साथ बैठक करते हुए निर्देश दिए कि राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं केे लाभार्थियों की सूची तैयार की जाए ताकि राज्य सरकार उन लाभार्थियों के साथ सम्पर्क साध कर समन्वय स्थापित कर सकें।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड-19 महामारी ने हमें और अधिक प्रतिबद्धता व अलग रणनीतियों के साथ काम करने के लिए मजबूर किया है। उन्होंने कहा कि अधिकारियों ने इस महामारी के दौरान वचनबद्धता और उत्साह के साथ कार्य किया है। उन्होंने सन्तोष व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य की सभी विकासात्मक गतिविधियां मुश्किल के इस समय में भी निर्बाध चल रही है।

जय राम ठाकुर ने कहा कि हमें लगातार विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों से प्रतिक्रिया प्राप्त करने के लिए लगातार सम्पर्क में रहने के लिए एक प्रणाली बनानी चाहिए। उन्होंने कहा कि इस कार्य के लिए तकनीक का सर्वाेत्तम उपयोग सुनिश्चित किया जाना चाहिए। उन्होंने खण्ड विकास अधिकारियों को पंचायत स्तर पर विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों का डाटा तैयार करने के निर्देश दिए ताकि इन सभी की त्वरित जानकारी उपलब्ध हो सके।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा आयुष्मान भारत और हिमकेयर, उज्ज्वला योजना और गृहिणी सुविधा योजना, आवास योजनाएं जैसे प्रधानमंत्री आवास योजना, मुख्यमंत्री आवास योजना तथा भवन और अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के अधीन पंजीकृत कर्मचारी, आशा कार्यकर्ता, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, सामाजिक सुरक्षा पैंशन लाभार्थियों, सहारा योजना और जन-धन योजना के लाभार्थियों को प्रथम चरण में सूचीबद्ध किया जाएगा।

जय राम ठाकुर ने कहा कि इन योजनाओं के लाभार्थियों की सूची पंचायतों को उपलब्ध करवाई जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि इस माह की 10 तारीख तक पंचायतों को यह सूची उपलब्ध करवाई जानी चाहिए। उन्होंने खण्ड विकास अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे लाभार्थियों के मोबाइल फोन पर वैबैक्स सौफटवेयर डाउनलोड करवाकर उन्हें इसके प्रयोग का भी प्रशिक्षण प्रदान करें।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रत्येक पंचायत में डिस्प्ले पैनल स्थापित किए जाने चाहिए ताकि मुख्यमंत्री द्वारा की जा रही वीडियो काॅन्फ्रेंस आम लोग भी देख सके।

मुख्य सचिव अनिल खाची ने कहा कि लाभार्थियों के आधार नम्बर की जानकारी कोई भी ले सकता है, क्योंकि योजनाओं के लाभ सीधे हस्तंातरण के माध्यम से किए गए है। उन्होंने कहा कि यद्यपि राज्य में आने के लिए ई-पास की आवश्यकता नही है परन्तु राज्य में आने के लिए पंजीकरण अभी भी आवश्यक है। उन्होंने कहा कि ऐसा होने के बाद भी क्वारंटीन के नियमों में कोई परिवर्तन नही किया गया है तथा रेड जोन से आने वाले प्रत्येक व्यक्ति को क्वारंटीन किया जाएगा।

ये भी पढ़ें - अपने राज्य - शहर की खबर अख़बार से पहले पढ़ने के लिए क्लिक करे

Advertisement
Khaskhabar.com Facebook Page:
Advertisement
Advertisement